रांची। नगर निगम क्षेत्र में संचालित कोचिंग संस्थानों में पढ़नेवाले विद्यार्थियों की सुरक्षा, आवश्यक सुविधाओं और अन्य वैधानिक प्रावधानों का अनुपालन सुनिश्चित करने को लेकर निगम ने सख्त रुख अपनाया है। नियमों का उल्लंघन कर चलाये जा रहे संस्थानों को सील किये जाने की योजना बनायी है।

इस संबंध में सोमवार को नगर आयुक्त सुशांत गौरव की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। इसमें निगम क्षेत्र में संचालित कोचिंग संस्थानों की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गयी। नियमों एवं सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों के विरुद्ध नियमानुसार सीलिंग सहित कठोर कार्रवाई प्रारंभ करने का निर्देश दिया गया। बैठक में बताया गया कि नगर निगम के अभिलेखों के अनुसार निगम क्षेत्र में लगभग 1,305 कोचिंग संस्थान संचालित हैं। इन संस्थानों के संचालन के लिए ट्रेड लाइसेंस, संबंधित भवन का वैध भवन प्लान एवं ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट, निर्धारित सेटबैक एरिया, अग्निशमन उपकरण, पर्याप्त वेंटिलेशन, भवन की निर्धारित क्षमता के अनुरूप विद्यार्थियों का नामांकन सहित अन्य आवश्यक मानकों का पालन जरूुरी है। मौके पर नगर आयुक्त ने सख्त निर्देश देते कहा कि बिना वैध ट्रेड लाइसेंस के संचालित कोचिंग संस्थानों को तत्काल नोटिस जारी करते हुए नियमानुसार कार्रवाई करें। प्रत्येक कोचिंग संस्थान के संबंधित भवन के स्वीकृत भवन प्लान एवं भवन उपविधियों के अनुपालन की जांच हो। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर सीलिंग की कार्रवाई प्रारंभ की जाए। आवासीय भवनों में संचालित कोचिंग संस्थानों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करते हुए ऐसे संस्थानों को सील करें। बैठक में उप नगर आयुक्त रविंद्र कुमार, कार्यपालक अभियंता संजीव कुमार, सहायक नगर आयुक्त, सहायक नगर निवेशक, नगर प्रबंधक सहित संबंधित शाखाओं के पदाधिकारी एवं कर्मी भी उपस्थित थे।

रतन टॉकीज से सुजाता चौक तक चला अतिक्रमण पर डंडा

रांची। उप नगर आयुक्त रविंद्र कुमार के नेतृत्व में नगर निगम की टीम ने मेन रोड स्थित रतन टॉकीज़ चौक से सुजाता चौक तक विशेष जांच सह अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया। अभियान के दौरान भवनों के सेटबैक एरिया, पार्किंग व्यवस्था, व्यापारिक प्रतिष्ठानों के वैध ट्रेड लाइसेंस और सड़क चौड़ीकरण के लिए गिफ्ट डीड की गई भूमि की सघन जांच की गई। अधिकारियों ने गिफ्ट डीड की जमीन की मापी कराकर उस पर किए गए अवैध अतिक्रमण को चिन्हित किया। साथ ही, मुख्य मार्ग पर अवैध रूप से लगी ठेला, गुमटी और अन्य अस्थायी संरचनाओं को हटाने की सख्त कार्रवाई की गई। इस मौके पर सहायक नगर आयुक्त, सहायक नगर निवेशक सहित निगम के कई वरिष्ठ अधिकारी और कर्मी मौजूद रहे।