रामगढ़। सार्वजनिक संपत्तियों के उपयोग में पारदर्शिता और समानता की मांग को लेकर रामगढ़ के पूर्व विधायक शंकर चौधरी ने कदम उठाया है। बुधवार को अपने आवासीय कार्यालय में आयोजित एक पत्रकार सम्मेलन में उन्होंने सीसीएल माइंस रेस्क्यू परिसर में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कार्यालय संचालन को लेकर सूचना के अधिकार (आरटीआई) अधिनियम के तहत दायर आवेदन की विस्तृत जानकारी साझा की। पूर्व विधायक शंकर चौधरी ने बताया कि उन्होंने महाप्रबंधक, सीसीएल माइंस रेस्क्यू रामगढ़ के जन सूचना पदाधिकारी को आवेदन देकर भाजपा कार्यालय के आवंटन से जुड़े कई महत्वपूर्ण और बुनियादी सवालों के जवाब मांगे हैं।पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए शंकर चौधरी ने स्पष्ट किया कि उनका यह कदम किसी राजनीतिक विवाद को हवा देने के लिए नहीं, बल्कि सार्वजनिक संस्थानों में पारदर्शिता और जवाबदेही तय करने के उद्देश्य से है।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में समानता और पारदर्शिता सर्वोपरि है। यदि किसी सरकारी या सार्वजनिक उपक्रम की संपत्ति का उपयोग किसी राजनीतिक दल के कार्यालय के रूप में हो रहा है, तो उससे जुड़ी प्रक्रियाएं और नियम पूरी तरह सार्वजनिक होने चाहिए।पूर्व विधायक ने उम्मीद जताई कि संबंधित विभाग आरटीआई अधिनियम के तहत तय समय सीमा के भीतर संतोषजनक जानकारी प्रदान करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि यदि नियमानुसार संतोषजनक जवाब नहीं मिला,तो वे इस मामले में आगे की कानूनी व प्रशासनिक कार्रवाई करेंगे।
