रांची। प्रदेश कांग्रेस ने झारखंड में छात्रों के आंदोलन की समाप्ति का स्वागत करते हुए भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस ने तंज कसते हुए कहा कि छात्र आंदोलन खत्म होने के साथ ही झारखंड भाजपा एक बार फिर बेरोजगार हो गई है। धर्म, जाति, घुसपैठ और अब छात्र आंदोलन जैसे मुद्दे हाथ से निकलने के बाद भाजपा अब अपनी राजनीति चमकाने के लिए नई दुकान की तलाश में निकल पड़ी है।प्रदेश कांग्रेस के मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने कहा कि छात्रों की मांगों और भावनाओं को गंभीरता से लेते हुए संवाद व समाधान का रास्ता चुनना लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूती का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि आंदोलन को समाप्त कराने में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के लगातार मिल रहे समर्थन और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन सरकार की सकारात्मक पहल की बेहद महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
दूसरी ओर, कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि छात्र आंदोलन के समापन से प्रदेश भाजपा अध्यक्ष आदित्य साहू को गहरा सदमा पहुंचा है। सीबीआई जांच के बहाने राज्य सरकार को अस्थिर करने की उनकी मंशा पर पूरी तरह पानी फिर गया है। सिन्हा ने कहा कि भाजपाइयों ने आंदोलनकारी छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने, उनके आंदोलन को बदनाम करने और उसे हाईजैक करने की पूरी कोशिश की थी, लेकिन छात्रों के संयम और संवेदनशीलता के कारण भाजपा की कुत्सित चालें कामयाब नहीं हो सकीं।
राकेश सिन्हा ने आगे कहा कि एक तरफ जहां छात्र अपने भविष्य की लड़ाई लड़ रहे थे, वहीं दूसरी तरफ भाजपा इसे अपना राजनीतिक हथियार बनाकर राज्य में अशांति का माहौल पैदा करने की कोशिश में लगी थी। अपने भड़काऊ भाषणों और झूठे आश्वासनों के सहारे भाजपा ने छात्रों और सरकार के बीच टकराव पैदा करने की हर संभव कोशिश की, ताकि इसे पूरे देश में एक बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनाया जा सके।
