रांची। झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पत्र लिखकर झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी), झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी सीजीएल) और हाल में रद्द की गई विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में हुई कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच सीबीआई से कराने की मांग की है।
नेता प्रतिपक्ष ने राज्य के प्रतियोगी परीक्षार्थियों के भविष्य पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान में युवाओं के बीच अविश्वास, आक्रोश और अराजकता की स्थिति बनी हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि जेएसएससी सीजीएल प्रकरण में सीआईडी द्वारा की गई जांच दोषपूर्ण और संदिग्ध रही है, जिसके कारण अभ्यर्थियों का भरोसा डिगा है।
बाबूलाल मरांडी ने सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर सरकार किसे संरक्षण देना चाहती है, जो सीबीआई जांच से भाग रही है? उन्होंने स्पष्ट किया कि युवाओं के भविष्य और राज्यहित को प्राथमिकता देते हुए सभी मामलों की स्वतंत्र और निष्पक्ष सीबीआई जांच अति आवश्यक है।
पत्र के माध्यम से नेता प्रतिपक्ष ने मुख्यमंत्री का ध्यान कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर आकृष्ट कराया है और युवाओं के न्याय के लिए सरकार के समक्ष 8 प्रमुख मांगें रखी हैं।
