रांची। जेपीएससी-जेएसएससी में हुई गड़बड़ियों को लेकर आंदोलन कर रहे छात्रों ने कहा है कि उनका आंदोलन जारी रहेगा। सीएम आवास घेराव करने का उनका कोई इरादा नहीं है। 15 अगस्त के दिन छात्र विशाल तिरंगा यात्रा निकालेंगे। आंदोलन के 20वें दिन छात्रों ने दोहराया है कि मांगें पूरी होने तक वे वहीं डटे रहेंगे।

अभ्यर्थियों ने सरकार और प्रशासन पर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया। आंदोलनकारियों ने कहा कि सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से यह अफवाह फैलाई जा रही है कि जेपीएससी के अभ्यर्थी आंदोलन स्थल से चले गए हैं। जो आंदोलन कर रहे हैं, वे छात्र नहीं हैं। जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच के कोर कमेटी सदस्य पीयूष कुमार ने प्रेस वार्ता में कहा कि सोशल मीडिया के जरिए पता चल रहा है कि मंत्री शिल्पी को आंदोलन कर रहे युवा छात्र नहीं लग रहे। हकीकत यह है कि वे सब खुद भी जेपीएससी -जेएसएससी के प्रतिभागी रहे हैं। जेपीएससी -जेएसएससी की कई परीक्षाएं विवादों में हैं। उनसे जुड़े अभ्यर्थी अब भी आंदोलन स्थल पर डटे हुए हैं। कुछ अभ्यर्थियों की तबीयत खराब होने के कारण उनकी मौजूदगी कम दिखाई दे रही है। पीयूष कुमार ने बताया कि आंदोलन फिलहाल पूरी तरह जारी है। उन्होंने कहा कि आंदोलन को लेकर रचनात्मक कार्यक्रम लगातार किए जा रहे हैं और आगे भी जारी रहेंगे। हालांकि फिलहाल किसी बड़े या वृहद कार्यक्रम का आयोजन नहीं किया जाएगा। सीएम आवास घेराव के सवाल पर उन्होंने कहा कि अभी इस संबंध में कोई निर्णय नहीं लिया गया है। कोर कमेटी इस पर फैसला करेगी। निर्णय होने के बाद इसकी जानकारी औपचारिक रूप से मीडिया के माध्यम से दी जाएगी।

इस दौरान चंदन कुमार ने कहा कि फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती आंदोलन को लेकर फैलाए जा रहे भ्रम की है। उन्होंने आरोप लगाया कि अलग-अलग तरीके से यह संदेश देने की कोशिश की जा रही है कि जेपीएससी -जेएसएससी के अभ्यर्थी आंदोलन से अलग हो गए हैं या आंदोलन कमजोर पड़ गया है। आंदोलन को समाप्त करने का कोई फैसला नहीं हुआ है।

उन्होंने इस बात के लिए भी नाराजगी जताई कि उनके मंच को राजनीतिक मंच के नजरिए से देखा जा रहा है। हमारे प्रेरणा स्रोत शिबू सोरेन हैं। मंच सबों का है।

सीजीएल चयनित अफसरों को जांच पूरी होने तक ड्यूटी से रखा जाए दूर: बंधु

रांची/पलामू। झारखंड कर्मचारी चयन आयोग द्वारा आयोजित जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा को लेकर जारी विवाद के बीच कांग्रेस के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष बंधु तिर्की ने बड़ा बयान दिया है। पलामू प्रमंडल के दौरे पर गए बंधु तिर्की ने गुरुवार को आयोजित एक प्रेस वार्ता में सरकार को सुझाव दिया कि इस परीक्षा के माध्यम से चयनित होकर कार्यरत अधिकारियों का वेतन तत्काल प्रभाव से रोक दिया जाना चाहिए। बंधु तिर्की ने कहा कि जब तक इस मामले की जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक इन अधिकारियों को ड्यूटी करने से भी दूर रखना ही उचित रहेगा।

उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच में जो अधिकारी दोषी पाए जाते हैं, उन्हें सीधे नौकरी से बर्खास्त कर दिया जाए, जबकि बेकसूर साबित होने वाले अधिकारियों को सम्मानपूर्वक वापस सेवा में ले लिया जाए।

छात्रों द्वारा जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा रद्द करने की उठाई जा रही मांग पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि सरकार इस विषय को पूरी गंभीरता से ले रही है। उन्होंने कहा कि सरकार छात्रों के साथ लगातार संवाद बनाए हुए है। इसी संवेदनशीलता का नतीजा है कि सरकार ने 14वीं जेपीएससी परीक्षा के साथ-साथ वर्ष 2023 और 2025 की बैकलॉग परीक्षाओं को रद्द करने की घोषणा पहले ही कर दी है।

3 महीने में न्यायिक जांच होगी पूरी

बंधु तिर्की ने छात्रों से अपील करते हुए कहा कि वे सरकार की मंशा और गंभीरता को समझें। सरकार ने तीन महीने के भीतर जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा की न्यायिक जांच पूरी कराने का वादा किया है।

देवेन्द्र को अस्पताल से जल्द छोड़ने की चेतावनी

रांची। जयपाल सिंह स्टेडियम में आंदोलनरत छात्रों ने देवेन्द्र नाथ महतो को जल्द सदर अस्पताल, रांची से छोड़ने की चेतावनी सरकार को दी है। ऐसा नहीं करने पर छात्रों द्वारा बड़ा कदम लिए जाने की भी बात कही है। इस संबंध में गुरुवार को स्टेडियम में जेपीएससी- जेएसएससी अभ्यर्थी न्याय मंच ने प्रेस वार्ता की। इसमें मंच के अध्यक्ष राम अवतार महतो ने कहा कि 10 अगस्त को विधानसभा घेराव के बाद देर शाम एम्बुलेंस से छात्र नेता देवेन्द्र नाथ को सदर अस्पताल में सरकार ने एडमिट करा दिया था। इसके बाद डॉक्टर की ओर से जरूरी इलाज किया गया था।

सीएम आवास के पास बैरिकेडिंग

रांची। जेपीएससी-जेएसएससी प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन और संभावित घेराव के मद्देनजर कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवास के पास भारी बैरिकेडिंग की गयी है। कांके रोड और एलपीएन शाहदेव चौक के पास रास्ते को ब्लॉक कर कई जगहों पर बैरिकेड लगाए गए हैं। साथ ही रांची पुलिस की ओर से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था भी की गई है। इसके कारण इस तरफ के यातायात को डायवर्ट भी किया गया है। मोराबादी और कचहरी चौक की ओर जाने वाले वाहनों को आड्रे हाउस के पास से सिदो कान्हो पार्क के रास्ते डायवर्ट किया गया है।