रांची। जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डालसा), रांची के तत्वावधान में आयोजित वर्ष की तीसरी राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 9,13,470 (48,076 लंबित और 8,65,394 प्री-लिटिगेशन) मामलों का निष्पादन किया गया। इस महा-अभियान के दौरान कुल तीन सौ सरसठ करोड़ अठहत्तर लाख पैसठ हजार रुपये की राशि का सेटलमेंट हुआ।
राष्ट्रीय लोक अदालत का वर्चुअल उद्घाटन झारखंड उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति-सह-कार्यपालक अध्यक्ष (झालसा) सुजीत नारायण प्रसाद द्वारा धनबाद से किया गया। व्यवहार न्यायालय रांची में उद्घाटन सत्र के दौरान न्यायायुक्त अनिल कुमार मिश्रा-1, प्रधान न्यायाधीश (कुटुम्ब न्यायालय) पवन कुमार, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी एस.बी. शर्मा, डालसा सचिव राकेश रौशन, रांची जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष शंभू प्रसाद अग्रवाल और सचिव संजय कुमार विद्रोही समेत कई न्यायिक अधिकारी व अधिवक्ता उपस्थित थे।
16 साल की सजा काटकर बाहर निकले मोगो कच्छप को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए काउंसलिंग के बाद जॉब कार्ड, 2 लाख का बीमा, कन्यादान योजना से जुड़ाव और एनएलयू रांची के सहयोग से 10,000 रुपये का चेक प्रदान किया गया। इसके अलावा राशन कार्ड, आयुष्मान कार्ड व अबुआ आवास के लिए प्रक्रिया शुरू की गई।
एसिड अटैक के पीड़ित राहुल कुमार को 12 लाख रुपये और हत्या से संबंधित मामले में पीड़िता सुशीला देवी को 5 लाख रुपये का चेक सौंपा गया।
एनआई एक्ट के तहत 96 लाख रुपये से जुड़ा एक मामला 'मीडिएशन फॉर नेशन ड्राइव 3.0' के तहत 54 लाख रुपये में सुलझाया गया। इसके अलावा, कमर्शियल एक्जीक्यूशन मामले में 6.86 लाख रुपये और मोटर वाहन दुर्घटना में 37.34 लाख रुपये का मुआवजा भुगतान किया गया।
भरण-पोषण से जुड़े एक वैवाहिक विवाद (ओ.एम. 504/2025) में खुशबू साहू और उनके पति संजय कुमार के बीच मध्यस्थता से सुलह कराई गई। दंपती को न्यायायुक्त के समक्ष माला पहनाकर उनके सुखद वैवाहिक जीवन की कामना की गई।
न्यायायुक्त अनिल कुमार मिश्रा-1 ने कहा कि लोक अदालत आम जनता को त्वरित, सुलभ और सस्ता न्याय प्रदान करने का एक सशक्त माध्यम है, जिससे पक्षकारों के समय और धन दोनों की बचत होती है। डालसा सचिव राकेश रौशन ने बताया कि लोक अदालत के सफल संचालन के लिए न्यायिक दंडाधिकारियों की 38 और कार्यपालक दंडाधिकारियों की 20 बेंच गठित की गई थीं। कार्यक्रम के अंत में उन्होंने जिला प्रशासन, पुलिस, बैंक, इंश्योरेंस प्रतिनिधियों और अधिवक्ताओं का आभार व्यक्त किया।
