​रांची। झारखंड हाईकोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के अधिकारियों की क्रिमिनल क्वैशिंग याचिका पर सुनवाई के दौरान राज्य सरकार पर 8,000 रुपये का जुर्माना लगाया है। अदालत ने सरकार को जवाब दाखिल करने के लिए 4 सप्ताह का समय दिया है, साथ ही जुर्माने की राशि झारखंड स्टेट लीगल सर्विसेज अथॉरिटी (झालसा) में जमा करने का निर्देश दिया है।

​ईडी अधिकारियों ने एससी-एसटी एक्ट के तहत दर्ज प्राथमिकी को निरस्त करने के लिए यह याचिका दायर की है।

​जस्टिस अनिल कुमार चौधरी की अदालत ने राज्य सरकार के आग्रह पर समय तो दिया, लेकिन विलंब से जवाब दाखिल करने पर जुर्माना भी लगाया।

​अदालत ने स्पष्ट किया है कि प्रार्थियों के खिलाफ किसी भी प्रकार की पीड़क कार्रवाई पर रोक लगाने संबंधी पूर्व का अंतरिम आदेश अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 9 दिसंबर की तारीख निर्धारित की गई है।