देवघर: श्रावणी मेला की पहली सोमवारी को देखते हुए देवघर प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद हो गया है। सोमवारी के सफल, सुरक्षित और सुगम संचालन को लेकर बीएड कॉलेज प्रांगण में एक सामूहिक ब्रीफिंग बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया और पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने बाहर से आए दण्डाधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों एवं पुलिस बल के जवानों को दिशा-निर्देश दिए।
ब्रीफिंग के दौरान उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि श्रावणी मेला के दौरान खासकर सोमवारी को सबसे अधिक भीड़ होती है। ऐसे में कांवरियों की सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण एक बड़ी चुनौती है, जिससे केवल सजगता और कर्तव्यनिष्ठा के जरिए ही निपटा जा सकता है।
उपायुक्त ने कहा कि श्रद्धालुओं के साथ शालीनता और सेवाभाव से व्यवहार करें तथा उन्हें हर संभव सहयोग मुहैया कराएं।कतारों में किसी भी प्रकार का गैप न बने, ताकि श्रद्धालु लगातार सुगमतापूर्वक आगे बढ़ते रहें और जलार्पण कर सकें।अन्य राज्यों से आने वाले श्रद्धालु झारखंड राज्य की एक अच्छी याद और सकारात्मक छवि लेकर अपने गंतव्य की ओर लौटें, यह सुनिश्चित करना हम सभी की जिम्मेदारी है।
पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने प्रतिनियुक्त पुलिस पदाधिकारियों व सुरक्षाकर्मियों को सतर्क करते हुए कहा कि बाहर से आए सभी अधिकारी अब स्थानीय माहौल से परिचित हो चुके हैं। इसलिए अब उनका पूरा ध्यान कतार प्रबंधन और यातायात प्रबंधन पर होना चाहिए।
सभी पुलिस ओपी और यातायात ओपी के प्रभारी डीएसपी स्तर के अधिकारी होंगे।ओपी प्रभारियों का यह दायित्व होगा कि वे सुनिश्चित करें कि उनके निर्धारित क्षेत्र में भीड़ नियंत्रण या सुरक्षा से जुड़ी कोई समस्या पैदा न हो।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा के साथ-साथ शहर में यातायात व्यवस्था दुरुस्त रहे, ताकि आम लोगों और कांवरियों दोनों को असुविधा न हो।
बैठक के दौरान उप विकास आयुक्त एवं नगर आयुक्त ने भी अधिकारियों को संबोधित किया और पहली सोमवारी के दौरान बरती जाने वाली विशेष सतर्कता के संबंध में महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए।इस ब्रीफिंग कार्यक्रम में श्रावणी मेला क्षेत्र में तैनात सभी प्रशासनिक व पुलिस पदाधिकारी और सुरक्षाकर्मी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
