रांची। झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की परीक्षाओं में हुई कथित धांधली से जुड़े मामले में मंगलवार को अपर न्यायायुक्त योगेश कुमार की अदालत में पांच प्रमुख आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर अहम सुनवाई हुई। बेल याचिका दाखिल करने वालों में जेपीएससी के पूर्व अध्यक्ष एल. ख्यांगते, श्वेता गुप्ता, अभय तिवारी, सुमन सौरव और उमेश कुमार शामिल हैं।
सुनवाई के दौरान मामले की जांच कर रही एजेंसी सीआईडी ने अदालत के समक्ष विस्तृत केस डायरी प्रस्तुत की। लगभग 1,000 पन्नों की इस केस डायरी में जांच के दौरान जुटाए गए अहम दस्तावेज, आरोपियों से पूछताछ के विवरण और अन्य फॉरेंसिक व सांख्यिकीय साक्ष्य शामिल हैं।
अदालत में बचाव पक्ष की ओर से जमानत के पक्ष में दलीलें पेश की गईं, वहीं सीआईडी ने केस डायरी के आधार पर जमानत का विरोध करते हुए अपना पक्ष रखा। मामले की गंभीरता और प्रस्तुत दस्तावेजों का अवलोकन करते हुए अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 2 सितंबर की तिथि निर्धारित की है। उस दिन जमानत याचिकाओं पर आगे की बहस जारी रहेगी।
