रांची। झारखंड हाईकोर्ट से राज्य सरकार को एक बार फिर बड़ा झटका लगा है। अदालत ने परीक्षाओं और नियुक्तियों को रद्द करने संबंधी जारी सरकारी अधिसूचना को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए जेएसएससी-सीजीएल (झारखंड कर्मचारी चयन आयोग - स्नातक स्तरीय) और सीडीपीओ (बाल विकास परियोजना पदाधिकारी) परीक्षा का विज्ञापन रद्द करने के राज्य सरकार के आदेश पर फिलहाल अंतरिम रोक लगा दी है।
न्यायमूर्ति दीपक रोशन की अदालत में शुक्रवार को चार अलग-अलग याचिकाओं पर सुनवाई हुई। याचिकाकर्ताओं की ओर से पक्ष रखते हुए वरिष्ठ अधिवक्ता इंद्रजीत सिन्हा, अमृतांश वत्स और पीएएस पति ने राज्य सरकार के विज्ञापन रद्द करने के फैसले को असंवैधानिक और परीक्षार्थियों के हित के खिलाफ बताया। याचिकाओं के जरिए सरकार द्वारा सीडीपीओ परीक्षा और जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा व उससे संबंधित नियुक्तियों को निरस्त करने के फैसले को चुनौती दी गई है।
कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद सरकार के आदेश पर स्टे लगाते हुए मामले की अगली सुनवाई के लिए 15 सितंबर की तारीख तय की है।
गौरतलब है कि इससे पहले 20 अगस्त को इसी पीठ ने जेपीएससी 11वीं से 13वीं सिविल सेवा परीक्षा और फूड सेफ्टी ऑफिसर की नियुक्ति को रद्द करने वाले सरकारी नोटिफिकेशन पर भी अगले आदेश तक रोक लगा दी थी। अब इन सभी संबंधित मामलों की एक साथ सुनवाई 15 सितंबर को होगी, जिस पर प्रदेश भर के अभ्यर्थियों की नजर टिकी है।
