जमशेदपुर। मानगो स्थित 'मुर्दा मैदान' की दो साल से सफाई नहीं होने पर विधायक सरयू राय ने रविवार को खुद मोर्चा संभाल लिया। सात दिन का अल्टीमेटम देने के बाद भी नगर निगम द्वारा सफाई न कराए जाने पर, वे जेसीबी, हाईवा और तीन ट्रैक्टर लेकर मैदान पहुंचे और बस्तीवासियों के सहयोग से कचरा उठवाया।
अपर नगर आयुक्त द्वारा कचरा डंप करने की जगह की जानकारी न दिए जाने पर, रविवार शाम चार बजे सारा कचरा मानगो नगर निगम कार्यालय के सामने खाली जमीन पर गिरा दिया गया।
दो साल से सफाई न होने के कारण दुर्गंध से परेशान लोगों और पार्षदों की मांग पर सरयू राय ने पहल की। शुरुआत में आदिवासी नेताओं ने अतिक्रमण की आशंका जताई थी, लेकिन घेराबंदी का प्रस्ताव होने और जनता द्वारा आश्वासन दिए जाने के बाद वे सफाई के लिए तैयार हो गए।
सरयू राय ने कहा कि नगर निगम की सेवा इमरजेंसी सेवा है, जिसे रविवार या छुट्टी के बहाने बंद नहीं रखा जा सकता। उन्होंने मेयर और अपर नगर आयुक्त पर तानाशाही रवैया अपनाने और पार्षदों की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
झारखंड नगरपालिका अधिनियम का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि हर महीने बोर्ड की बैठक होनी चाहिए, लेकिन महीनों बीतने के बाद भी अगली बैठक नहीं बुलाई गई है।
विधायक ने उपायुक्त से मांग की है कि जनप्रतिनिधियों से बात न करने और पत्रों का जवाब न देने वाले लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ उच्च स्तर पर कड़ी रिपोर्ट भेजी जाए।
