जमशेदपुर। जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने सट्टा और ड्रग्स के अवैध कारोबार पर पुलिस प्रशासन से इसके सरगनाओं को गिरफ्तार करने और पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने की मांग की है। बिष्टुपुर स्थित अपने आवासीय कार्यालय में आयोजित एक बैठक के दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि केवल छोटे अपराधियों की धरपकड़ से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। पुलिस प्रशासन की असली जिम्मेदारी इन कारोबारियों के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंक्स को खंगालकर मुख्य आकाओं तक पहुंचने की है।

यह बैठक महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर 2 अक्टूबर को आयोजित होने वाले ‘सट्टा एवं ड्रग्स के दुष्प्रभाव पर विचार क्रांति सम्मेलन’ की तैयारियों को लेकर 'युवा जदयू' द्वारा बुलाई गई थी।

सरयू राय ने बताया कि 21 सितंबर को बारीडीह की सभा में सट्टा व ड्रग्स के खिलाफ अभियान की घोषणा की गई थी, जिसका फौरी असर पुलिस की हालिया कार्रवाई में देखने को मिला है। हालांकि, जब तक नेटवर्क के मुख्य सरगना सलाखों के पीछे नहीं होंगे, तब तक यह लड़ाई अधूरी रहेगी। समाज को इस नशीले और जुए के जाल से मुक्त कराने के लिए स्थानीय नागरिकों और पुलिस प्रशासन को मिलकर काम करना होगा।

विधायक ने कहा कि सट्टेबाजी और ड्रग्स के कारण कई परिवार तबाह हो रहे हैं और समाज में तनाव बढ़ रहा है। इस सम्मेलन की घोषणा के बाद से जनता, विशेषकर महिलाओं का ज़बरदस्त समर्थन मिल रहा है। अभियान को अधिक प्रभावी बनाने के लिए उन गैर-सरकारी संगठनों का भी सहयोग लिया जाएगा जो पहले से इस क्षेत्र में काम कर रहे हैं। इन सभी संगठनों को 2 अक्टूबर के कार्यक्रम में आमंत्रित किया जा रहा है।

सट्टा एवं ड्रग्स के खिलाफ यह 'विचार क्रांति सम्मेलन' 2 अक्टूबर को धालभूम क्लब में पूर्वाह्न 11 बजे से आयोजित होगा। कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार कर ली गई है। तैयारियों को अंतिम रूप देने और विभिन्न कार्य समितियों की घोषणा के लिए 27 सितंबर को बारीडीह कार्यालय में दोपहर 12:30 बजे एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई है।

बैठक में सम्मेलन के संयोजक व सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी मनोज सिंह, मुकुल मिश्रा, सुबोध श्रीवास्तव, अजय कुमार, अमित शर्मा, नीरज सिंह, विवेक पाण्डेय और अरविंद कुमार सहित कई प्रमुख लोग मौजूद थे।