रामगढ़। आर्मी पब्लिक स्कूल रामगढ़ कैंट के दसवीं कक्षा के प्रतिभाशाली छात्र पुरव जैन ने राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित इंस्पायर-मानक अवार्ड-2026 में पूरे देश में दूसरा स्थान हासिल कर झारखंड और रामगढ़ का नाम रोशन किया है। नई दिल्ली में 12 और 13 अक्टूबर 2026 को आयोजित प्रतियोगिता में उन्होंने अपने अभिनव आविष्कार ‘मिनी इलेक्ट्रिसिटी कंजम्पशन मॉनिटर’ के दम पर यह उपलब्धि हासिल की। इस सफलता के साथ उनका चयन जापान में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए हुआ है।

12वीं राष्ट्रीय प्रदर्शनी एवं परियोजना प्रतियोगिता में पुरव जैन ने रजत पदक जीतकर झारखंड को गौरवान्वित किया। इस उपलब्धि को राज्य के लिए विशेष माना जा रहा है, क्योंकि प्रतियोगिता में झारखंड ने पहली बार राष्ट्रीय स्तर पर शीर्ष तीन स्थानों में जगह बनाई है।

नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित सम्मान समारोह में केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने विजेताओं को सम्मानित किया। पुरव जैन को उनकी उपलब्धि के लिए प्रमाण-पत्र, स्मृति-चिह्न और लैपटॉप प्रदान किया गया।

इस प्रतियोगिता के लिए देशभर से लगभग 1,500 विद्यार्थियों का चयन किया गया था। इनमें से केवल 60 विद्यार्थियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए चुना गया। पुरव का इस प्रतिष्ठित समूह में शामिल होना उनकी वैज्ञानिक सोच, रचनात्मकता और नवाचार की क्षमता को दर्शाता है। विद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष ब्रिगेडियर दिग्विजय सिंह, सेना मेडल ने इस सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए प्राचार्य और शिक्षकों को बधाई दी। विद्यालय के प्राचार्य पंकज कुमार जैन ने कहा कि विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, नवाचार और रचनात्मक क्षमता विकसित करना शिक्षा का महत्वपूर्ण उद्देश्य है। पुरव की उपलब्धि अन्य विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत है।

उन्होंने कहा, “मेहनत, नए विचारों और समर्पण से ही सफलता के नए रास्ते खुलते हैं।” उन्होंने विश्वास जताया कि पुरव जापान में भी अपनी प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश का गौरव बढ़ाएंगे।

बिजली की खपत मापने में मदद करेगा आविष्कार

पुरव जैन ने ‘मिनी इलेक्ट्रिसिटी कंजम्पशन मॉनिटर’ नामक एक उपयोगी यंत्र तैयार किया है। इसकी मदद से घर में इस्तेमाल होने वाले अलग-अलग बिजली उपकरणों की खपत का पता लगाया जा सकता है। यह यंत्र लोगों को बिजली की खपत समझने और अनावश्यक बिजली खर्च कम करने में मदद कर सकता है। उनका यह आविष्कार ऊर्जा संरक्षण और बिजली के बेहतर उपयोग की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।